
चंदौली। सिविल व डिस्ट्रिक्ट बार एसोसिएशन के अधिवक्ताओं ने मंगलवार को ई रजिस्ट्री अध्यादेश के विरोध में रजिस्ट्री कार्यालय पर धरना दिया और न्यायिक कार्य से विरत रहे।
अधिवक्ताओं ने कहा कि ई रजिस्ट्री की व्यवस्था से वादकारियों के हित पर व्यापक असर पड़ेगा। इससे भ्रष्टाचार को बढ़ावा की प्रबल संभावना है। वर्तमान समय में खतौनी में अंश निर्धारण की प्रकिया चल रही है। जिसका खामियाजा आम जनता को भुगतना पड रहा है। खतौनी के अंश निर्धारण के दौरान क्षेत्रिय लेखपाल द्वारा जान बूझकर त्रुटी की जा रही है । वर्तमान में ई रजिस्ट्री के अध्यादेश के अनुसार त्रुटि पूर्ण खतौनी के आधार पर जमीन क्रय विक्रय व नामान्तरण की कार्यवाही का प्रावधान है। इससे आम जनता को भविष्य में कठिनाइयों का सामना करना पड़ेगा। ई रजिस्ट्री की व्यवस्था से इस व्यवसाय में लगे लोगों को आर्थिक संकट का सामना करना पड़ेगा। कहा कि जब तक यह आदेश वापस नहीं होता अधिवक्ता इसका विरोध करते रहेगें।
सिविल बार के अध्यक्ष वीरेंद्र प्रताप सिंह, अनिल सिंह, संतोष कुमार सिंह राजेश मिश्रा, वीरेंद्र प्रताप दाढ़ी सहित अन्य अधिवक्ता उपस्थित थे। संचालन महामंत्री आशुतोष कुमार मिश्र ने किया।

