
चंदौली। तहसील क्षेत्र के इंद्रपुरवा गांव में बिजली आपूर्ति बंद होने से ग्रामीणों में आक्रोश है। ग्रामीणों का आरोप है कि गांव के कुछ घरों में बिजली कनेक्शन नहीं होने का हवाला देकर विभाग ने पूरे गांव की बिजली काट दी। 25 सितंबर से बिजली आपूर्ति ठप होने के कारण करीब 100 से अधिक परिवारों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। नाराज ग्रामीण सोमवार सुबह चकिया पावर हाउस पहुंचे और धरना-प्रदर्शन शुरू कर दिया।
ग्रामीणों के अनुसार, बिजली कटने से गांव में अंधेरा छाया हुआ है। उमस और गर्मी के बीच बच्चे, महिलाएं और बुजुर्ग परेशान हैं। समरसेबल और पानी की मोटर नहीं चलने से पेयजल की समस्या भी खड़ी हो गई है। वहीं, विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित होने के साथ मोबाइल और अन्य जरूरी उपकरण चार्ज करने में भी दिक्कत हो रही है।

घरों में घुसकर तार काटने का आरोप
ग्रामीणों ने बिजली विभाग के कर्मचारियों पर बिना पूर्व सूचना कुछ घरों में प्रवेश कर बिजली के तार हटाने का भी आरोप लगाया है। उनका कहना है कि कई घरों में लोग मौजूद नहीं थे, इसके बावजूद तार काट दिए गए। इस कार्रवाई से ग्रामीणों में नाराजगी और बढ़ गई।
पावर हाउस पर की नारेबाजी
बिजली आपूर्ति बहाल कराने की मांग को लेकर बड़ी संख्या में ग्रामीण चकिया पावर हाउस पहुंचे और विभाग के खिलाफ नारेबाजी की। ग्रामीणों का कहना है कि जिन घरों में वैध कनेक्शन नहीं है, वहां कनेक्शन की प्रक्रिया पूरी कराई जाए, लेकिन पूरे गांव की बिजली बंद करना उचित नहीं है। ग्रामीणों ने तत्काल आपूर्ति बहाल करने, बिना कनेक्शन वाले घरों को वैध कनेक्शन देने और कथित तौर पर बिना सूचना तार काटने वाले कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि यदि शाम तक बिजली आपूर्ति बहाल नहीं की गई तो चकिया मुख्य मार्ग पर जाम लगाने के लिए मजबूर होंगे।
विभाग ने बताया अलग कारण
वहीं बिजली विभाग का कहना है कि गांव में केवल दो-तीन वैध बिजली कनेक्शन हैं। इसी स्थिति के चलते गांव की बिजली आपूर्ति बंद की गई है। विभाग के इस पक्ष के बाद ग्रामीणों और अधिकारियों के बीच समाधान को लेकर बातचीत की स्थिति बनी हुई है। फिलहाल पावर हाउस पर धरने के चलते तनाव का माहौल है।

