
चंदौली। जनपद में अवैध खनन और गंगा किनारे बढ़ते कटान को लेकर प्रशासन पूरी तरह सतर्क नजर आ रहा है। मंगलवार को जिलाधिकारी चन्द्र मोहन गर्ग और पुलिस अधीक्षक आकाश पटेल ने नौबतपुर स्थित खनिज विभाग के चेक गेट का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। वहीं दूसरी ओर मुख्य विकास अधिकारी राल्लपल्ली जगत साईं ने गुरैनी पंप कैनाल क्षेत्र का निरीक्षण कर गंगा तट पर हो रहे कटान की स्थिति का आकलन किया। इस दौरान मातहतों को सख्त निर्देश दिए।
नौबतपुर चेक गेट पर निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक ने बिहार से आने वाले मोरम लदे वाहनों की जांच प्रक्रिया का अवलोकन किया। उन्होंने वाहनों से संबंधित आईएसटीपी (ISTP) और अन्य आवश्यक दस्तावेजों की जांच के संबंध में अधिकारियों से जानकारी प्राप्त की। जिलाधिकारी ने अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) राजेश कुमार तथा खनन अधिकारी को निर्देशित किया कि चेक गेट पर लगातार निगरानी रखी जाए और प्रभावी प्रवर्तन कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए नियमित ड्यूटी लगाई जाए।

जिलाधिकारी ने कहा कि उपखनिजों के अवैध परिवहन, ओवरलोडिंग और अन्य गैरकानूनी गतिविधियों को किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि प्रत्येक वाहन पर कड़ी निगरानी रखी जाए तथा सीमावर्ती जनपदों के प्रशासन से समन्वय स्थापित कर अवैध परिवहन की रोकथाम सुनिश्चित की जाए। उन्होंने यह भी कहा कि अधिकारी बिना किसी दबाव के नियमों के अनुसार कार्रवाई करें और किसी भी प्रकार की समस्या आने पर तत्काल प्रशासन को अवगत कराएं।
पुलिस अधीक्षक आकाश पटेल ने कहा कि अवैध खनन और परिवहन के खिलाफ कार्रवाई में पुलिस विभाग हर संभव सहयोग करेगा। आवश्यकता पड़ने पर पर्याप्त पुलिस बल उपलब्ध कराया जाएगा। उन्होंने विशेष रूप से ऐसे वाहनों के विरुद्ध तत्काल कार्रवाई करने के निर्देश दिए जिनकी नंबर प्लेट छिपाई गई हो या जो बिना नंबर प्लेट के संचालित हो रहे हों।
उधर मुख्य विकास अधिकारी राल्लपल्ली जगत साईं ने गुरैनी पंप कैनाल का स्थलीय निरीक्षण कर गंगा नदी के तट पर हो रहे कटान का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान बंधी प्रखंड और लघु सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता सहित स्थानीय किसान भी उपस्थित रहे। सीडीओ ने संबंधित अधिकारियों को आगामी मानसून से पूर्व सभी आवश्यक सुरक्षात्मक एवं मरम्मत कार्य प्राथमिकता के आधार पर पूरा करने के निर्देश दिए।
उन्होंने अधिशासी अभियंता, बंधी प्रखंड को गंगा तट के दीर्घकालिक संरक्षण और कटान रोकने के लिए विस्तृत परियोजना प्रतिवेदन (डीपीआर) शीघ्र तैयार कर प्रस्तुत करने को कहा। प्रशासन का मानना है कि समय रहते प्रभावी कदम उठाकर गंगा कटान से होने वाले नुकसान को काफी हद तक रोका जा सकता है।

