
चंदौली। कोडिन युक्त कफ सिरप के अवैध कारोबार से जुड़े मामलों में फरार चल रहे चार आरोपितों के खिलाफ पुलिस ने कानूनी शिकंजा कस दिया है। मुगलसराय थाने में दर्ज दो मुकदमों में वांछित आरोपितों के वाराणसी स्थित आवासों पर शनिवार को भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) की धारा 84 के तहत नोटिस चस्पा कर मुनादी कराई गई। यह कार्रवाई फास्ट ट्रैक कोर्ट प्रथम, चंदौली के आदेश पर की गई। पुलिस ने चेतावनी दी है कि निर्धारित समय सीमा में न्यायालय या पुलिस के समक्ष पेश नहीं होने पर आरोपितों की संपत्ति कुर्क करने की कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस के अनुसार, 2025 में मुगलसराय थाने में मुकदमा अपराध संख्या 570/2025 और 571/2025 दर्ज किए गए थे। ये मामले कोडीन युक्त कफ सिरप के कथित अवैध क्रय-विक्रय, फर्जी दस्तावेज तैयार करने, धोखाधड़ी और एनडीपीएस एक्ट की गंभीर धाराओं से संबंधित हैं। इन मामलों में चार आरोपित लगातार फरार चल रहे हैं।
वाराणसी के चार आरोपितों के घरों पर हुई कार्रवाई
पुलिस की ओर से जिन आरोपितों के खिलाफ उद्घोषणा की कार्रवाई की गई, उनमें शुभम जायसवाल पुत्र भोला जायसवाल निवासी कायस्थ टोला, प्रहलाद घाट, थाना जैतपुरा; प्रशांत कुमार कसेरा पुत्र राम कुमार कसेरा और उनकी पत्नी अंजली रानी कसेरी निवासी हबीबपुरा, थाना चेतगंज; तथा आकाश गुप्ता पुत्र नंदलाल गुप्ता निवासी औसानगंज, रानी फाटक, थाना जैतपुरा, वाराणसी शामिल हैं।
पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तारी से बचने के लिए लगातार फरार रहने के कारण न्यायालय ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की धारा 84 के तहत उद्घोषणा जारी करने का आदेश दिया था। इसके अनुपालन में पुलिस टीम ने आरोपितों के आवासों पर पहुंचकर डुगडुगी पिटवाकर सार्वजनिक रूप से मुनादी कराई और घरों के मुख्य द्वार पर नोटिस चस्पा किए।
संपत्ति कुर्क करने की चेतावनी
इस कार्रवाई को विवेचना सेल/क्राइम ब्रांच के निरीक्षक एवं विवेचक विमलेश कुमार मौर्य के नेतृत्व में अंजाम दिया गया। टीम में उपनिरीक्षक मनोज कुमार सिंह, उपनिरीक्षक रामकेर यादव, मुख्य आरक्षी जयप्रकाश मौर्य और मुख्य आरक्षी दिनेश यादव शामिल रहे।
पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यदि चारों आरोपित निर्धारित समय सीमा के भीतर न्यायालय या पुलिस के समक्ष उपस्थित नहीं होते हैं, तो उनके विरुद्ध बीएनएसएस की धारा 85 के तहत संपत्ति कुर्क करने की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस का कहना है कि फरार आरोपितों की गिरफ्तारी के लिए आगे भी कार्रवाई जारी रहेगी।

