
चंदौली। उत्तर प्रदेश खादी एवं ग्रामोद्योग बोर्ड की ओर से संचालित माटीकला विकास योजना के तहत माटीकला कारीगरों को आधुनिक संसाधनों से जोड़ने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की जा रही है। इसी क्रम में माटीकला टूल किट्स (पावर चालित चाक), पगमिल वितरण तथा 15 दिवसीय शिल्पकारी प्रशिक्षण के लिए प्राप्त ऑनलाइन आवेदनों के साक्षात्कार की तिथि घोषित कर दी गई है। इच्छुक एवं पात्र अभ्यर्थियों का साक्षात्कार 5 अगस्त को आयोजित किया जाएगा।
जिला ग्रामोद्योग अधिकारी गिरजा प्रसाद ने बताया कि साक्षात्कार का आयोजन पूर्वाह्न 11:00 बजे जिला ग्रामोद्योग कार्यालय, चंदौली में होगा। इस चयन प्रक्रिया के लिए गठित समिति की अध्यक्षता मुख्य विकास अधिकारी आर. जगत साई द्वारा नामित सदस्य, उपायुक्त स्वतः रोजगार (चंदौली) करेंगे। समिति अभ्यर्थियों के आवेदन, पात्रता और आवश्यक दस्तावेजों का परीक्षण कर चयन प्रक्रिया को अंतिम रूप देगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि केवल वही अभ्यर्थी साक्षात्कार में शामिल हो सकेंगे, जिन्होंने 29 जुलाई 2026 तक अपना आवेदन पत्र निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार कार्यालय में जमा कराया है। निर्धारित तिथि के बाद जमा किए गए आवेदन या अधूरे आवेदन इस प्रक्रिया में शामिल नहीं किए जाएंगे।
साक्षात्कार में शामिल होने वाले सभी अभ्यर्थियों के लिए अपने मूल दस्तावेज साथ लाना अनिवार्य किया गया है। इनमें आधार कार्ड, जाति प्रमाण पत्र, निवास प्रमाण पत्र तथा राशन कार्ड प्रमुख रूप से शामिल हैं। अधिकारियों ने कहा है कि दस्तावेजों की जांच के बाद ही अभ्यर्थियों को आगे की चयन प्रक्रिया में शामिल किया जाएगा। यदि कोई अभ्यर्थी आवश्यक मूल दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर पाता है, तो उसे चयन प्रक्रिया से वंचित होना पड़ सकता है।
माटीकला योजना का उद्देश्य पारंपरिक कुम्हार एवं माटीकला से जुड़े कारीगरों को आधुनिक उपकरण उपलब्ध कराकर उनकी उत्पादन क्षमता बढ़ाना और उन्हें तकनीकी रूप से प्रशिक्षित करना है। योजना के अंतर्गत पावर चालित चाक और पगमिल जैसे उपकरण उपलब्ध कराने के साथ 15 दिवसीय शिल्पकारी प्रशिक्षण भी दिया जाएगा, जिससे कारीगरों की कार्यकुशलता बढ़े और उनकी आय में वृद्धि हो सके।
जिला ग्रामोद्योग अधिकारी ने सभी पात्र अभ्यर्थियों से निर्धारित समय पर साक्षात्कार स्थल पर पहुंचने और सभी आवश्यक मूल दस्तावेजों के साथ उपस्थित होकर चयन प्रक्रिया में सहयोग करने की अपील की है।

