
- मुगलसराय पुलिस, एसओजी और सर्विलांस टीम की संयुक्त कार्रवाई, 3.50 लाख रुपये नकद समेत सोने-चांदी के आभूषण, लैपटाप, टीवी और गैस सिलेंडर बरामद
- चोरी की रकम से खरीदी गई वेन्यू कार और वारदात में प्रयुक्त आटो रिक्शा भी बरामद
- मुगलसराय, चंदौली और बलुआ क्षेत्र में कई घटनाओं का खुलासा, दर्ज हैं एक दर्जन से अधिक मुकदमे
- एसओजी, सर्विलांस और मुगलसराय पुलिस की संयुक्त कार्रवाई, इंडियन इंस्टीट्यूट नाच घर के पास से आठ आरोपित गिरफ्तार
- 3.50 लाख रुपये नकद बरामद, दो डेल लैपटाप, सोनी एलईडी टीवी और इंडेन गैस सिलेंडर बरामद
- सोने-चांदी के आभूषण और मोबाइल फोन भी मिले, चोरी के रुपये से खरीदी गई वेन्यू कार बरामद
चंदौली। मुगलसराय क्षेत्र में लगातार हो रही चोरी की घटनाओं का पुलिस ने पर्दाफाश करते हुए अंतरजनपदीय गिरोह के आठ सदस्यों को गिरफ्तार किया है। एसओजी, सर्विलांस और मुगलसराय पुलिस की संयुक्त टीम ने बुधवार को इंडियन इंस्टीट्यूट नाच घर के पास घेराबंदी कर आरोपितों को पकड़ा। पुलिस के अनुसार गिरोह दिन में बंद और सूने मकानों की रेकी करता था और रात में ताला तोड़कर चोरी की घटनाओं को अंजाम देता था। आरोपित चोरी के सामान और नकदी को आपस में बांट लेते थे।
पुलिस ने आरोपितों के कब्जे और उनकी निशानदेही पर 3.50 लाख रुपये नकद, दो डेल कंपनी के लैपटाप, सोनी कंपनी की एलईडी टीवी, इंडेन गैस सिलेंडर, चांदी की पायल समेत सोने-चांदी के आभूषण बरामद किए हैं। इसके अलावा वारदात में प्रयुक्त आटो रिक्शा और चोरी के रुपये से खरीदी गई वेन्यू कार भी बरामद की गई है।
पुलिस ने घेरेबंदी कर दबोचा
अपर पुलिस अधीक्षक अनंत चंद्रशेखर ने बताया कि चोरी की घटनाओं के अनावरण के लिए एसओजी, सर्विलांस और मुगलसराय पुलिस की टीमें गठित की गई थीं। लगातार घटनाओं की जांच के दौरान पुलिस टीम को बुधवार को मुखबिर से सूचना मिली कि इंडियन इंस्टीट्यूट नाच घर के पास सफेद रंग की वेन्यू कार और आटो रिक्शा के पास कुछ संदिग्ध चोरी के माल के बंटवारे को लेकर बातचीत कर रहे हैं। सूचना मिलते ही थाना प्रभारी अर्जुन सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम मौके पर पहुंची और घेराबंदी कर आठ लोगों को गिरफ्तार कर लिया। तलाशी और पूछताछ के बाद आरोपितों की निशानदेही पर चोरी का सामान और नकदी बरामद की गई।
पांच हालिया चोरियों से खुली गिरोह की कड़ी
मुगलसराय क्षेत्र में अगस्त में चोरी की कई घटनाओं के बाद पुलिस पर इनके खुलासे का दबाव था। 25 अगस्त को सिद्धार्थपुरम कॉलोनी निवासी बाबूलाल प्रसाद यादव परिवार समेत पिता की तेरहवीं में गांव गए थे। रात में लौटे तो घर के ताले टूटे मिले और सामान बिखरा था। शिकायत के अनुसार करीब पांच लाख रुपये के सोने-चांदी के आभूषण, एलईडी टीवी, कपड़े और 80 हजार रुपये नकद चोरी हुए थे। 26 अगस्त को आरपीएफ कॉलोनी स्थित रेलवे क्वार्टर संख्या 1610 में पीछे की खिड़की तोड़कर चोरी की गई। यहां से सोने की चेन, दो अंगूठी, गैस सिलेंडर, 24 इंच की टीवी और 3500 रुपये नकद चोरी हुए थे।
एक अगस्त को इंडियन इंस्टीट्यूट कॉलोनी स्थित क्वार्टर नंबर 379 ईएफ में भी चोरी हुई थी। इसमें सोने के झुमके, टॉप्स, चेन, पायल, अंगूठी, नथुनी और एक लाख रुपये नकद चोरी होने की शिकायत दर्ज कराई गई थी। वहीं 31 अगस्त को न्यू सेंट्रल कॉलोनी निवासी रोहित कुमार के घर से आठ हजार रुपये नकद और करीब 50 हजार रुपये के सोने-चांदी के आभूषण चोरी किए गए थे। 20/21 अगस्त की रात ओल्ड सेंट्रल कॉलोनी के रेलवे क्वार्टर नंबर 506/एबी में चोरी हुई। यहां से लैपटाप, सोने की अंगूठी और 7500 रुपये नकद चोरी होने की शिकायत दर्ज हुई थी।
चोरी के रुपये से खरीदी वेन्यू कार
पुलिस की बरामदगी में सबसे महत्वपूर्ण कड़ी वेन्यू कार है। पुलिस के अनुसार UP67AB8628 नंबर की वेन्यू कार चोरी के रुपये से खरीदी गई थी। इसके साथ UP65JT0599 नंबर का आटो रिक्शा भी बरामद हुआ है। पुलिस अब यह भी पता लगा रही है कि गिरोह ने चोरी की रकम से और कौन-कौन सी संपत्तियां या सामान खरीदे हैं।
तीन थाना क्षेत्रों में वारदात कबूली
पूछताछ में आरोपितों ने मुगलसराय के अलावा चंदौली और बलुआ थाना क्षेत्रों में भी चोरी की कई घटनाओं को अंजाम देना स्वीकार किया है। पुलिस के मुताबिक गिरोह पहले दिन में ऐसे मकानों को चिन्हित करता था जहां परिवार बाहर गया हो या मकान लंबे समय से बंद हो। इसके बाद रात में ताला तोड़कर चोरी की जाती थी। चोरी के बाद नकदी और सामान को सदस्यों के बीच बांट लिया जाता था।
बरामदगी में नकदी के साथ जेवर और इलेक्ट्रॉनिक सामान
गिरफ्तार आरोपितों में प्रशान्त सोनी उर्फ बाबू सेठ के पास से 50 हजार रुपये और मोबाइल फोन, विशाल भारती से 50 हजार रुपये और तीन मोबाइल, रहमान उर्फ आंखी से 30 हजार रुपये, चांदी की एक जोड़ी पायल और मोबाइल, राजेश सिंह से 30 हजार रुपये व मोबाइल तथा अनिल गुप्ता से 30 हजार रुपये व मोबाइल बरामद हुआ।
दीपक जायसवाल उर्फ रवीन्द्र से 30 हजार रुपये और मोबाइल, तुषार वर्मा से एक लाख रुपये और दो मोबाइल तथा लकी जायसवाल से 30 हजार रुपये और मोबाइल बरामद किए गए। इस तरह कुल 3.50 लाख रुपये नकद बरामद हुए। इसके अलावा दो डेल लैपटाप, एक सोनी एलईडी टीवी, एक इंडेन गैस सिलेंडर, दो जोड़ी चांदी की पायल, तीन चांदी की मीना, पीली धातु की एक अंगूठी और एक कान की बाली बरामद की गई।
आरोपितों पर पहले से कई मुकदमे
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपितों का आपराधिक इतिहास भी सामने आया है। प्रशान्त सोनी के खिलाफ मुगलसराय, चंदौली और बलुआ थानों में चोरी के नौ मुकदमे दर्ज हैं। विशाल भारती के खिलाफ पुराने गंभीर मामलों समेत चोरी के कई मुकदमे दर्ज हैं और उसके खिलाफ कुल 12 मुकदमों का उल्लेख पुलिस ने किया है। रहमान उर्फ आंखी के खिलाफ वर्ष 2018 से चोरी और अन्य धाराओं में कई मुकदमे दर्ज हैं। उसके खिलाफ वर्ष 2024 में चोरी से संबंधित कई मुकदमे भी दर्ज हुए थे। तुषार वर्मा के खिलाफ अलीनगर थाने में चोरी का मुकदमा दर्ज है और मुगलसराय, चंदौली व बलुआ की घटनाओं में भी उसका नाम सामने आया है। अनिल गुप्ता, लकी जायसवाल, राजेश सिंह और दीपक जायसवाल के खिलाफ भी चोरी के मुकदमे दर्ज बताए गए हैं।
बरामदगी के आधार पर मुकदमे में बढ़ी धारा
पुलिस ने बताया कि बरामदगी के आधार पर संबंधित मुकदमों में धारा 317(2) बीएनएस की बढ़ोतरी की गई है। गिरफ्तार आरोपितों के खिलाफ अग्रिम वैधानिक कार्रवाई की जा रही है। पुलिस टीम अब गिरोह से जुड़े अन्य लोगों और चोरी के माल के खरीदारों के संबंध में भी जानकारी जुटा रही है।

