
चंदौली। पीडीडीयू नगर पालिका क्षेत्र में कैलाशपुरी वार्ड से जुड़ा एक मामला नगर पालिका कार्यालय में टकराव की स्थिति पैदा करता नजर आ रहा है। दरअसल, सोशल मीडिया पर वायरल एक वीडियो क्लिप के आधार पर नगर पालिका के प्रभारी अधिशासी अधिकारी (ईओ) द्वारा सभासद निधि तिवारी के पति चंद्रकांत तिवारी को नोटिस जारी कर जवाब तलब किया गया है, जिससे सभासदों में भारी नाराजगी देखी जा रही है।
मामला कैलाशपुरी वार्ड में सड़क निर्माण कार्य से जुड़ा है। आरोप है कि निर्माण के दौरान निकली पुरानी इंटरलॉकिंग को बेच दिया गया। इस संबंध में एक व्यक्ति ने सभासद पति चंद्रकांत तिवारी पर आरोप लगाते हुए वीडियो सोशल मीडिया पर अपलोड कर दिया, जो तेजी से वायरल हो गया। इसी वीडियो को आधार बनाते हुए ईओ ने नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा है।
इस कार्रवाई के बाद नगर पालिका के कई सभासद खुलकर विरोध में आ गए हैं। सभासद राजेश जायसवाल ने कड़ी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि सभासद पति को नोटिस देना पूरी तरह अनुचित है। उनका कहना है कि यदि कोई अनियमितता हुई है तो जिम्मेदारी ठेकेदार की बनती है, ऐसे में नोटिस भी उसी को दिया जाना चाहिए था।
वहीं काली महाल वार्ड के सभासद प्रतिनिधि नितिन गुप्ता ने भी ईओ की इस कार्रवाई की निंदा करते हुए इसे पक्षपातपूर्ण बताया। सभासद सुनील विश्वकर्मा ने भी इसे गलत ठहराते हुए विरोध जताया और नोटिस वापस लेने की मांग की। इस पूरे प्रकरण के बाद नगर पालिका कार्यालय का माहौल गर्म हो गया है। सभासदों और प्रशासन के बीच खींचतान बढ़ती जा रही है।


