
संवाददाता-बाबू चौहान
चंदौली। शहाबगंज विकासखंड क्षेत्र में भरूहीया से शहाबगंज होते हुए धरौली जाने वाला मुख्य मार्ग लंबे समय से बदहाली का शिकार है। सड़क पर जगह-जगह बड़े-बड़े गड्ढे हो गए हैं। करीब एक से डेढ़ किलोमीटर के हिस्से में सैकड़ों छोटे-बड़े गड्ढों के कारण राहगीरों को आवागमन में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बारिश के बाद गड्ढों में पानी भर जाने से सड़क की स्थिति और खतरनाक हो गई है।
यह मार्ग पचपरा, ईमिलिया, घोड़सारी, पहाड़पुर, मसोई और रोहाखी सहित कई गांवों को जोड़ने के साथ ही बिहार क्षेत्र तक आवागमन का प्रमुख रास्ता है। प्रतिदिन इसी मार्ग से स्कूली बच्चे, महिलाएं, बुजुर्ग, मजदूर, दोपहिया वाहन चालक और स्कूली वाहन गुजरते हैं। सड़क की जर्जर स्थिति के कारण दुर्घटना की आशंका बनी रहती है।
हर कुछ कदम पर गड्ढा, ग्रामीण भर रहे रास्ता
ग्रामीणों के मुताबिक कई स्थानों पर सड़क का डामर पूरी तरह उखड़ चुका है। कहीं गहरे गड्ढे हैं तो कहीं सड़क टूटकर बिखर गई है। आवागमन में हो रही दिक्कत को देखते हुए ग्रामीण स्वयं ईंट-पत्थर डालकर गड्ढों को पाटने का प्रयास कर रहे हैं। उनका कहना है कि बार-बार शिकायत के बावजूद सड़क की हालत में अपेक्षित सुधार नहीं हुआ है।
रात के समय समस्या और गंभीर हो जाती है। अंधेरे में गड्ढे दिखाई नहीं देने के कारण दोपहिया वाहन चालकों के साथ हादसे की आशंका बनी रहती है। ग्रामीणों का दावा है कि कई मजदूर काम से लौटते समय गड्ढों के कारण गिरकर चोटिल हो चुके हैं। बड़े गड्ढों के कारण स्कूली वाहनों और अन्य वाहनों के आवागमन में भी परेशानी हो रही है।
सड़क नहीं बनी तो धरना देंगे
सड़क की बदहाली से नाराज ग्रामीणों ने मौके पर प्रदर्शन कर जिम्मेदार विभाग के खिलाफ नाराजगी जताई। ग्रामीणों ने कहा कि यह महत्वपूर्ण मुख्य मार्ग होने के बावजूद लंबे समय से मरम्मत के अभाव में जर्जर होता जा रहा है।
ग्रामीणों ने प्रशासन और संबंधित विभाग से सड़क की तत्काल जांच कराकर मरम्मत अथवा पुनर्निर्माण कराने की मांग की। साथ ही चेतावनी दी कि यदि जल्द समस्या का समाधान नहीं हुआ तो ग्रामीण धरना-प्रदर्शन और आंदोलन करने के लिए बाध्य होंगे। प्रदर्शन में विजय कुमार, अभिषेक शर्मा, रोहित शर्मा, अवधेश पासवान, मराछू राम, जगमोहन, राकेश पासवान, उदय कुमार, जकियुद्दीन खान, ओम प्रकाश यादव, सर्वेश कुमार मौर्य, जितेंद्र कुमार, लालबिहारी, आनंदेश्वर बहादुर सहित अन्य ग्रामीण मौजूद रहे।

