
चंदौली। थाना सैयदराजा पुलिस, साइबर सेल और सर्विलांस टीम की संयुक्त कार्रवाई में हत्या के एक मामले में वांछित 50 हजार रुपये के इनामी आरोपी को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने आरोपी को बिहार के कैमूर जिले से स्थानीय पुलिस की मदद से दबोच लिया। गिरफ्तारी के बाद उससे पूछताछ की गई, जिसमें वारदात से जुड़े कई अहम तथ्य सामने आए हैं। पुलिस आरोपी के खिलाफ आगे की विधिक कार्रवाई कर रही है।
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपी की पहचान मंगरु मुसहर निवासी ग्राम कुढनी, पोस्ट करमहरी, थाना कुढनी, जिला कैमूर (बिहार) के रूप में हुई है। वह थाना सैयदराजा में दर्ज हत्या के मुकदमे में लंबे समय से फरार चल रहा था और उस पर 50 हजार रुपये का इनाम घोषित था।
चोरी के दौरान हुई थी किशोर की हत्या
पुलिस के मुताबिक, 15 दिसंबर 2025 को थाना सैयदराजा में एक व्यक्ति ने तहरीर देकर बताया था कि 14 दिसंबर की रात परिवार के लोग घर के बाहर और अंदर सो रहे थे। देर रात घर के पास आहट सुनाई देने पर उन्होंने और उनके बेटों ने बाहर निकलकर देखा तो चार-पांच संदिग्ध लोग चोरी की नीयत से घूम रहे थे। विरोध करने पर आरोपियों ने मारपीट शुरू कर दी। इसी दौरान एक बदमाश ने उनके 15 वर्षीय बेटे मोनू को सीने में गोली मार दी। गंभीर रूप से घायल मोनू को जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इस मामले में थाना सैयदराजा में विभिन्न धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज किया गया था। पुलिस पहले ही इस मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है।

पूछताछ में हुआ बड़ा खुलासा
गिरफ्तार आरोपी मंगरु मुसहर ने पूछताछ में बताया कि घटना की साजिश पहले से रची गई थी। उसके अनुसार, नागेश्वर उर्फ रिंकू अपने साथियों के साथ मिलकर चोरी की वारदातों की साजिश रचता था। घटना वाली रात गिरोह ने कई घरों में चोरी की कोशिश की। अंतिम घर में चोरी के दौरान परिवार के लोग जाग गए और एक आरोपी को पकड़ लिया। उसे छुड़ाने के प्रयास के बीच गिरोह के सदस्य निहोर मुसहर ने अपने पास मौजूद तमंचे से गोली चला दी, जिससे किशोर की मौत हो गई। इसके बाद सभी आरोपी मौके से फरार हो गए, जबकि निहोर मौके पर ही पकड़ा गया था।
संयुक्त टीम ने की कार्रवाई
आरोपी की गिरफ्तारी थाना सैयदराजा के प्रभारी निरीक्षक अशोक कुमार मिश्र के नेतृत्व में गठित संयुक्त टीम ने की। कार्रवाई में साइबर सेल, सर्विलांस सेल तथा थाना सैयदराजा पुलिस के अधिकारियों और जवानों की महत्वपूर्ण भूमिका रही। पुलिस का कहना है कि संगठित आपराधिक गिरोहों के विरुद्ध अभियान लगातार जारी रहेगा और फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए प्रभावी कार्रवाई की जाएगी।

