
चंदौली। जिले में बाढ़ की संभावित स्थिति को देखते हुए प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। शुक्रवार को प्रदेश सरकार के राज्य मंत्री (सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम विभाग) हंसराज विश्वकर्मा ने मारुफपुर बाढ़ चौकी और गंगा किनारे घाट का स्थलीय निरीक्षण कर जलस्तर और सुरक्षा इंतजामों का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने ग्रामीणों से संवाद कर उन्हें हर संभव सहायता का भरोसा दिलाया।

राज्य मंत्री ने कहा कि आपदा की स्थिति में सरकार प्रत्येक नागरिक के साथ मजबूती से खड़ी है। ग्रामीणों को घबराने की जरूरत नहीं है। प्रशासन बाढ़ की स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है और राहत एवं बचाव के लिए आवश्यक इंतजाम किए जा रहे हैं। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि संभावित प्रभावित क्षेत्रों में 24 घंटे निगरानी व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।

ग्रामीणों से बातचीत के दौरान मंत्री ने कहा कि सरकार की प्राथमिकता आपदा से पहले ही सभी एहतियाती कदम उठाकर जन-धन की संभावित क्षति को न्यूनतम करना है। उन्होंने राहत शिविरों में भोजन, पेयजल, दवाइयों और अन्य आवश्यक सुविधाओं की व्यवस्था पहले से सुनिश्चित रखने के निर्देश दिए। पशुओं के लिए पर्याप्त चारे की उपलब्धता पर भी विशेष ध्यान देने को कहा।

मंत्री ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि संभावित बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत शिविरों को पूरी तरह सक्रिय रखा जाए। जरूरत पड़ने पर लोगों को सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाने के लिए पर्याप्त संख्या में नावों की व्यवस्था सुनिश्चित हो। साथ ही शुद्ध पेयजल, आवश्यक दवाइयों और अन्य जरूरी सामग्री की उपलब्धता में किसी तरह की कमी न रहे।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी चंद्र मोहन गर्ग ने राज्य मंत्री को जिला प्रशासन की तैयारियों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि प्रशासन पूरी तरह सतर्क है और तहसील एवं ब्लॉक स्तर के अधिकारी लगातार अपने-अपने क्षेत्रों का भ्रमण कर स्थिति पर नजर रख रहे हैं। जरूरत के अनुसार प्रभावित लोगों को तत्काल सहायता उपलब्ध कराने की व्यवस्था की गई है।
जिलाधिकारी ने बताया कि बाढ़ की स्थिति से निपटने के लिए कंट्रोल रूम स्थापित किए गए हैं और संबंधित अधिकारियों की ड्यूटी निर्धारित कर दी गई है। प्रशासन की ओर से राहत एवं बचाव कार्यों के लिए विभागों के बीच समन्वय भी सुनिश्चित किया जा रहा है। निरीक्षण के दौरान अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व समेत संबंधित विभागों के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।

