
संवाददाता-बाबू चौहान
चंदौली। दिल्ली के जंतर-मंतर पर चल रहे छात्र आंदोलन की गूंज अब चंदौली जिले के चकिया तक पहुंच गई है। शुक्रवार को सैकड़ों छात्र और युवाओं ने विभिन्न शैक्षिक मुद्दों को लेकर नगर में विशाल रैली निकालते हुए अपनी मांगों के समर्थन में प्रदर्शन किया। आदित्य नारायण राजकीय इंटर कॉलेज से शुरू हुई रैली नगर के प्रमुख मार्गों और बाजारों से होती हुई तहसील परिसर पहुंची, जहां प्रदर्शनकारियों ने उपजिलाधिकारी विनय कुमार मिश्रा को ज्ञापन सौंपकर अपनी मांगें सरकार तक पहुंचाने की अपील की।
रैली में शामिल छात्र-युवा हाथों में तख्तियां और बैनर लेकर शांतिपूर्ण ढंग से आगे बढ़े। प्रदर्शन के दौरान उन्होंने शिक्षा व्यवस्था से जुड़े मुद्दों पर सरकार का ध्यान आकर्षित किया और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग भी उठाई। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि प्रतियोगी परीक्षाओं और शिक्षा व्यवस्था से जुड़े मामलों में जवाबदेही तय होनी चाहिए तथा छात्रों की आवाज को गंभीरता से सुना जाना चाहिए।

प्रदर्शन की पूर्व सूचना होने के कारण प्रशासन ने सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए थे। चकिया के अलावा आसपास के कई थाना क्षेत्रों की पुलिस भी रैली के दौरान तैनात रही। क्षेत्राधिकारी अजीत सिंह चौहान और उपजिलाधिकारी विनय कुमार मिश्रा स्वयं पूरे कार्यक्रम की निगरानी करते रहे। पुलिस की मौजूदगी में रैली शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई और पूरे आयोजन के दौरान कानून-व्यवस्था पूरी तरह सामान्य बनी रही। किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना की सूचना नहीं मिली।
आयोजकों ने बताया कि रैली को सफल बनाने में शैलेश कुमार और यश सोनकर की महत्वपूर्ण भूमिका रही। उनका कहना था कि आंदोलन का उद्देश्य लोकतांत्रिक और शांतिपूर्ण तरीके से छात्रों एवं युवाओं की समस्याओं को सरकार और प्रशासन तक पहुंचाना है। शैलेश कुमार ने कहा कि वे संविधान और लोकतांत्रिक मूल्यों में विश्वास रखते हैं तथा चाहते हैं कि छात्रों की मांगों पर निष्पक्ष और गंभीरता से विचार किया जाए। वहीं यश सोनकर ने कहा कि चकिया के युवाओं ने एकजुट होकर अपनी बात रखी है और उन्हें उम्मीद है कि सरकार उनकी मांगों पर सकारात्मक निर्णय लेगी।

