
चंदौली। पुलिस ने लूट की सनसनीखेज वारदात का सफल अनावरण करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार कर गिरोह का भंडाफोड़ कर दिया है। इस मामले में सबसे चौंकाने वाली बात यह रही कि वारदात का मुख्य साजिशकर्ता खुद वाहन चालक ही निकला। थाना मुगलसराय और स्वाट/सर्विलांस टीम की संयुक्त कार्रवाई में यह सफलता मिली। एसपी आकाश पटेल ने घटना का खुलासा किया।
मामला 2 अप्रैल की रात का है। मिर्जापुर के अदलहाट निवासी रविन्द्र कुमार और चुनार के रोहित सिंह गोला बाजार, गोरखपुर से धान बेचकर मैजिक वाहन से वापस लौट रहे थे। रात करीब एक बजे कुरहना ओवरब्रिज के पास वाहन रोककर पेशाब करने के दौरान तीन अज्ञात बदमाशों ने धारदार हथियार के बल पर दोनों पर हमला कर दिया। बदमाशों ने मारपीट करते हुए उनके पास से 45 हजार रुपये नकद, मोबाइल फोन और एक सोने का लॉकेट लूट लिया और फरार हो गए।

घटना के बाद पीड़ितों की तहरीर पर थाना मुगलसराय में मामला दर्ज कर लिया गया था। एसपी ने बताया कि घटना का खुलासा करने के लिए टीम का गठन किया गया था। पुलिस ने इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों और सर्विलांस की मदद से इंडियन इंस्टीट्यूट कॉलोनी के पास चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। पकड़े गए आरोपियों में विपिन कुमार सिंह, रोहित पटेल, आकाश सिंह और विशाल पटेल शामिल हैं, जो सभी मिर्जापुर जनपद के निवासी हैं।
पुलिस ने आरोपियों के पास से 23 हजार रुपये नकद, दो मोबाइल फोन, एक पीली धातु का लॉकेट, घटना में प्रयुक्त मोटरसाइकिल और एक अवैध तलवार बरामद की है। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि पूरी वारदात पूर्व नियोजित थी। पिकअप चालक रोहित पटेल ने ही पीड़ितों के पास मौजूद धनराशि की जानकारी अपने साथियों को दी थी। साजिश के तहत सुनसान स्थान पर वाहन रुकवाया। इसके बाद पहले से घात लगाए अन्य तीन आरोपियों ने हमला कर लूट की घटना को अंजाम दिया।
आरोपियों ने शक न होने पाए इसलिए चालक के साथ भी हल्की मारपीट की। लूट के बाद सभी आरोपी फरार हो गए और आपस में पैसे बांट लिए। कुछ रकम खर्च करने के बाद शेष धन के बंटवारे के लिए वे दोबारा इकट्ठा हुए थे, तभी पुलिस ने उन्हें धर दबोचा। फिलहाल पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।
पुलिस टीम में मुगलसराय प्रभारी निरीक्षक राजेश कुमार मिश्रा, प्रभारी निरीक्षक स्वाट/सर्विलांस राम जनम यादव, एसआई मनोज तिवारी, अजय कुमार, हेड कांस्टेबल योगेश प्रताप, रितेश सिंह, कांस्टेबल विशाल वर्मा और महिला कांस्टेबल निशा शामिल रहीं।

