ख़बरेंचंदौली

Chandauli News : जल जीवन मिशन में गड़बड़ी का आरोप, आपरेटरों की समस्याओं को लेकर जल निगम कार्यालय पहुंचे पूर्व विधायक

चंदौली। सैयदराजा के पूर्व विधायक और समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय सचिव मनोज सिंह डब्लू ने शुक्रवार को जल जीवन मिशन से जुड़े मुद्दों को लेकर जल निगम कार्यालय पहुंचकर अधिकारियों के खिलाफ नाराजगी जताई। इस दौरान उन्होंने जल निगम के तहत ठेका प्रथा पर कार्यरत आपरेटर-कम-चौकीदारों की समस्याओं को उठाते हुए मामले में तत्काल समाधान की मांग की।

 

पूर्व विधायक ने बताया कि जिले में स्थापित पानी की टंकियों पर तैनात आपरेटर-कम-चौकीदारों से महज पांच हजार रुपये प्रतिमाह के मानदेय पर चौबीसों घंटे ड्यूटी कराई जा रही है। उनका कहना था कि यह व्यवस्था न केवल श्रम कानूनों का खुला उल्लंघन है, बल्कि मानवीय दृष्टिकोण से भी बेहद अनुचित है। उन्होंने कहा कि इतने कम वेतन में कर्मचारियों से लगातार काम लेना शोषण की श्रेणी में आता है।

 

जल निगम कार्यालय में मौजूद अधिकारियों से बातचीत के दौरान उन्होंने इस मुद्दे को गंभीरता से उठाया। वहीं एसडीएम से हुई टेलीफोनिक बातचीत में उन्हें बताया गया कि आपरेटरों की समस्याओं के समाधान के लिए जिलाधिकारी, जल निगम के अधिशासी अभियंता और ठेका प्राप्त कंपनियों के अधिकारियों के बीच बैठक चल रही है। अधिकारियों ने आश्वस्त किया कि चार दिनों के भीतर इस मामले में ठोस पहल होने की संभावना है।

 

मनोज सिंह डब्लू ने आरोप लगाया कि जल जीवन मिशन के तहत जिले में बड़े पैमाने पर अनियमितताएं हो रही हैं। उनका कहना था कि घर-घर स्वच्छ जल पहुंचाने के उद्देश्य से शुरू की गई इस महत्वाकांक्षी योजना में ठेका प्राप्त कंपनियों को भारी भरकम धनराशि दी गई है, लेकिन इसके बावजूद जमीनी स्तर पर अपेक्षित परिणाम नहीं दिख रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि कुछ कंपनियों को 17 हजार करोड़, 23 हजार करोड़ और 27 हजार करोड़ रुपये तक के ठेके आवंटित किए गए हैं।

 

उन्होंने कहा कि योजना के तहत कंपनियों को पानी की टंकी निर्माण, पाइपलाइन बिछाने, घर-घर जल आपूर्ति सुनिश्चित करने के साथ ही दस वर्षों तक उसके संचालन और रखरखाव की जिम्मेदारी दी गई है। लेकिन योजना शुरू होने के करीब पांच साल बाद भी जिले के अधिकांश गांवों में लोगों के घरों तक नियमित जल आपूर्ति शुरू नहीं हो सकी है।

पूर्व विधायक ने चेतावनी दी कि यदि 17 मार्च तक आपरेटरों की समस्याओं का समाधान नहीं हुआ तो उसी दिन आंदोलन की रणनीति तय की जाएगी और बड़े स्तर पर विरोध प्रदर्शन किया जाएगा। साथ ही उन्होंने जल निगम में हो रही कथित अनियमितताओं को उजागर करने की भी बात कही। इस मामले में जल निगम के अधिशासी अभियंता ने भी 17 मार्च तक उचित कार्रवाई करने का भरोसा दिया है।

Back to top button
error: Content is protected !!