
चंदौली। जनपद में अपराध और गौ-तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। थाना इलिया पुलिस, स्वाट टीम और सर्विलांस टीम की संयुक्त कार्रवाई में ₹25,000 के इनामी अंतरराज्यीय गौ-तस्कर को उसके एक सहयोगी के साथ गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने मौके से दो गोवंश और एक महेन्द्रा बोलेरो वाहन भी बरामद किया है।
पुलिस अधीक्षक आकाश पटेल के निर्देशन में चलाए जा रहे अभियान के अंतर्गत की गई। अपर पुलिस अधीक्षक (सदर) अनंत चन्द्रशेखर और क्षेत्राधिकारी चकिया रघुराज के पर्यवेक्षण में गठित टीम ने रविवार को डडिया स्थित यात्री प्रतीक्षालय के पास घेराबंदी कर दोनों आरोपियों को पकड़ लिया।
गिरफ्तार आरोपियों में श्याम बाबू यादव निवासी नैपुरा कला डाफी, थाना लंका, वाराणसी शामिल है, जो ₹25,000 का इनामी और कई मामलों में वांछित था। दूसरा आरोपी सुरेश कुमार यादव निवासी भजईपुर खमलिया, थाना औराई, जनपद भदोही है।
पुलिस के अनुसार, गुप्त सूचना के आधार पर टीम ने मौके पर घेराबंदी की। इसी दौरान एक महेन्द्रा बोलेरो (UP91N7094) से दो गोवंशों को अमानवीय तरीके से बांधकर बिहार ले जाया जा रहा था। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए वाहन को रोककर दोनों आरोपियों को मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया।
पूछताछ में आरोपियों ने तस्करी के रैकेट का खुलासा किया। उन्होंने बताया कि वे मिर्जापुर के पहाड़ी इलाकों से कम कीमत पर गोवंश खरीदते थे और बिहार ले जाकर वध के लिए ऊंचे दामों पर बेच देते थे। इस अवैध कारोबार में बिहार के कैमूर (भभुआ) जनपद के लतीफ कुरैशी उर्फ मुखिया नामक व्यक्ति की भी संलिप्तता सामने आई है। गिरोह के सदस्य मुनाफे की राशि आपस में बांट लेते थे।
इस मामले में थाना इलिया पर मु0अ0सं0-27/2026 के तहत गोवध निवारण अधिनियम की धारा 3/5A/5B/8 तथा पशु क्रूरता निवारण अधिनियम की धारा 11 के अंतर्गत मुकदमा दर्ज कर आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है। मुख्य आरोपी श्याम बाबू यादव का आपराधिक इतिहास भी काफी लंबा है। उसके खिलाफ चंदौली और वाराणसी के विभिन्न थानों में गोवध, पशु क्रूरता और अन्य गंभीर धाराओं में कई मुकदमे दर्ज हैं। वहीं, सुरेश कुमार यादव के खिलाफ भी पूर्व में इसी प्रकार के मामले दर्ज हैं। गिरफ्तारी करने वाली टीम में थाना इलिया प्रभारी चंदन कुमार राय, स्वाट प्रभारी रामजनम यादव, सर्विलांस प्रभारी आशीष मिश्रा सहित अन्य पुलिसकर्मी शामिल रहे।

